बुधवार, 26 जनवरी 2011

गणतंत्र की शुभकामनाएं

इस देश की माटी को, इस देश का किसान अपने पसीने से जितना भी सींचे कम है।
इस देश की माटी को, इस देश का जवान अपने लहू से जितना भी सींचे कम है।
इस देश की खाल को, इस देश का नेता जितना खींचे उतना ही गम है।
सभी देशवासियों को गणतंत्र की शुभकामनाएं......

5 टिप्‍पणियां:

टिप्‍पणी की खट खट
सच्‍चाई की है आहट
डर कर मत दूर हट